नदी-नाले पहाड़ पार कर वोट डालने पहुंच रहे ग्रामीण
छत्तीसगढ़ में लोकसभा प्रथम चरण के चुनाव में एकमात्र बस्तर लोकसभा सीट पर मतदाताओं ने नक्सल भय को परे रखते हुए बुलेट के आगे बैलेट को प्राथमिकता दी है। एक लाख से अधिक सुरक्षा बल और 10 हजार मतदानकर्मी, बस्तर के 14 लाख मतदाता बस्तर में लोकतंत्र का उत्सव में अपनी सहभागिता निभा रहे हैं।संभागीय मुख्यालय जगदलपुर से लेकर सुकमा, बीजापुर, नारायणपुर के अंदरूनी गांव में भी मतदाताओं में चुनाव को लेकर जमकर उत्साह दिखाई दे रहा है। बस्तर के अति नक्सल प्रभावित 234 गांव के लिए विस्थापित मतदान केंद्र बनाए गए हैं। ऐसे क्षेत्रों में भी ग्रामीण पैदल, ट्रैक्टर या अन्य वाहनों में सवार होकर लोकतंत्र को सशक्त बनाने मतदान करने पहुंच रहे हैं। बस्तर और जगदलपुर निर्वाचन क्षेत्र के अतिरिक्त बीजापुर, नारायणपुर, सुकमा, कोंडागांव, चित्रकोट में सुबह सात से तीन बजे तक ही मतदान होगा।

धमतरी की स्वर्णिम कृषि यात्रा : आत्मनिर्भरता और समृद्धि के 25 वर्ष
कारखानों में श्रमिकों के नियमित स्वास्थ्य जाँच में नहीं चलेगी मनमानी, श्रम मंत्री देवांगन ने दिए कड़े निर्देश
बालिका सुरक्षा माह के अंतर्गत चलाया जा रहा है जागरूकता कार्यक्रम
बाढ़ में बही पुस्तकें, टेबलेट भी हुआ खराब, पर नहीं रुकेगी पूनम की प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी
महिलाओं और बच्चों को मिले आंगनबाड़ी की सभी सेवाओं का लाभ : महिला एवं बाल विकास सचिव शम्मी आबिदी
मंत्रालय में हुआ राष्ट्र-गीत "वंदे-मातरम" एवं राष्ट्र-गान "जन-गण-मन" का सामूहिक गायन
गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा और चिकित्सा शिक्षा के ढांचे को सुदृढ़ बनाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता : उप मुख्यमंत्री शुक्ल
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बाढ़ राहत कार्यों की समीक्षा की