हेवी डोज की वजह से गई शेफाली जरीवाला की जान
नई दिल्ली। अभिनेत्री शेफाली जरीवाला के निधन को लेकर तरह-तरह की खबरें सामने आ रहे हैं। अचानक से एक्ट्रेस का देहांत हो जाना हर किसी को हैरान करने वाला है। पुलिस को उनके घर से एंटी एजिंग ट्रीटमेंट की दवाइयों के दो डिब्बे भी बरामद हुए हैं, जिनको लेकर ये दावा किया जा रहा है इन मेडिसिन के हेवी डोज के चलते उनको कार्डियक अरेस्ट।
ऐसे में आइए जानते हैं कि वो कौन सी दवाइयां थीं, जिनका सेवन शेफाली जरीवाला स्किन ग्लो और अधिक जवान दिखने के लिए करती थीं।
इन दवाइयों का सेवन कर रही थीं शेफाली
मुंबई पुलिस की जांच में शेफाली जरीवाला के घर से जो दवाइयां बरामद हुई हैं, उनमें एंटी एजिंग वायल्स (ग्लूटाथियोन), गैस्ट्रेक और विटामिन इंजेक्शन शामिल हैं। बताया जा रहा है कि पिछले 7-8 साल से शेफाली इन दवाओं के जरिए एंटी एजिंग ट्रीटेमेंट को करवा रही थीं। शेफाली की दोस्त पूजा घई ने एक मीडिया इंटरव्यू के दौरान ये खुलासा किया है पुलिस ने मौके पर आकर छानबीन की और ये पता लगाया कि आखिरी कांटा लगा गर्ल को दवाइ किसने थी।
उसमें हाउस हेल्पर का नाम सामने आया, क्योंकि उस वक्त घर में वह और शेफाली के पति पराग त्यागी मौजूद थे। हाउस हेल्पर ने बताया कि मैडम ने IV ड्रिप विटामिन सी इंजेक्शन लिया था। दरअसल 27 जून को शेफाली जरीवाला के घर पर सत्यनारायण की कथा रखी गई थी और पूजा को मद्देनजर रखते हुए उस दिन शेफाली ने उपवास रखा था। बाद में जब उन्होंने व्रत खोला तो फ्रिज में रखा खाना खाया।
इसके बाद उनकी बीपी लो हो गया और वह बेहोश हो गईं। लेकिन इसके बाद वह फिर कभी नहीं उठीं और उनकी जान चली गईं। इस बात की जानकारी खुद शेफाली के पति पराग त्यागी ने पुलिस की पूछताछ में दी है। पत्नी की मौत के बाद पराग का रो-रोकर बुरा हाल हो गया है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में होगा खुलासा
दरअसल शेफाली जरीवाला के निधन के बाद उनका पोस्टमार्टम हुआ है, पुलिस इसकी वीडियोग्राफी भी कराई है। हालांकि, अभी रिपोर्ट आने में समय लगेगा, लेकिन इससे ही साफ होगा कि शेफाली की मौत किस वजह से हुई है। क्या कार्डियक अरेस्ट उनके लिए काल बना या फिर खाली पेट दवाइयों का सेवन उनको ले डूबा।

धमतरी की स्वर्णिम कृषि यात्रा : आत्मनिर्भरता और समृद्धि के 25 वर्ष
कारखानों में श्रमिकों के नियमित स्वास्थ्य जाँच में नहीं चलेगी मनमानी, श्रम मंत्री देवांगन ने दिए कड़े निर्देश
बालिका सुरक्षा माह के अंतर्गत चलाया जा रहा है जागरूकता कार्यक्रम
बाढ़ में बही पुस्तकें, टेबलेट भी हुआ खराब, पर नहीं रुकेगी पूनम की प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी
महिलाओं और बच्चों को मिले आंगनबाड़ी की सभी सेवाओं का लाभ : महिला एवं बाल विकास सचिव शम्मी आबिदी
मंत्रालय में हुआ राष्ट्र-गीत "वंदे-मातरम" एवं राष्ट्र-गान "जन-गण-मन" का सामूहिक गायन
गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा और चिकित्सा शिक्षा के ढांचे को सुदृढ़ बनाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता : उप मुख्यमंत्री शुक्ल
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बाढ़ राहत कार्यों की समीक्षा की