Lara Dutta ने किया चौंकाने वाला खुलासा
नई दिल्ली। एक्ट्रेस लारा दत्ता (Lara Dutta) इन दिनों अपने प्रोजेक्ट्स को लेकर लाइमलाइट में बनी हैं। हाल ही में जियो सिनेमा पर 'रणनीति: बालाकोट एंड बियॉन्ड' रिलीज हुई, जिसमें एक्ट्रेस के रोल को काफी सराहा गया। इसके अलावा लारा अपकमिंग प्रोजेक्ट 'रामायण' को लेकर भी चर्चा में हैं।
पे स्केल पर लारा दत्ता ने कही ये बात
लारा दत्ता 2000s के शुरुआती सालों में इंडस्ट्री की पॉपुलर एक्ट्रेस रही हैं। उन्होंने अक्षय कुमार से लेकर सलमान खान तक के साथ काम किया है। हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान लारा ने बताया कि इंडस्ट्री में फीस को लेकर किस तरह का भेदभाव होता है। उन्होंने कहा कि जो लकी लीड एक्ट्रेस रही हैं, उन्हें अपने साथी मेल एक्टर्स के मुकाबले कम फीस मिलती रही है।
फीस के भेदभाव पर बोलीं लारा दत्ता
इंडियन एक्सप्रेस को दिए इंटरव्यू में लारा दत्ता ने कहा कि सिनेमा में महिला के तौर पर बहुत सारी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। मगर सबसे बड़ी समस्या फीस में भेदभाव की समस्या है। उन्होंने कहा, ''हम इंडस्ट्री में अपने साथी मेल एक्टर्स से ज्यादा नहीं, तो उनके बराबर मेहनत तो करते ही हैं। लेकिन अधिकतर महिलाओं कों, अगर वो लकी हैं तो, मेल एक्टर्स की फीस का 10वां हिस्सा ही मिलता है।
आज के एक्टर्स पर ज्यादा दबाव
लारा ने एक्टर्स को लेकर आए बदलाव पर भी बात की। उन्होंने कहा कि आज की यंग जेनरेशन पर काम का और खुद को एक तय तरीके से प्रेजेंट करने का दबाव ज्यादा है। पहले इतने नियम नहीं थी। हम अपना काम करते थे और आगे बढ़ जाते थे।
लारा दत्ता वर्क फ्रंट
'अंदाज' फिल्म से डेब्यू करने वालीं लारा दत्ता ने इंडस्ट्री में कम, लेकिन बेहतरीन काम किया है। उनके अपकमिंग प्रोजेक्ट्स में नितेश तिवारी की 'रामायण' है, जिसमें वह कैकेयी के रोल में होंगी। इसके अलावा उनकी झोली में 'वेलकम टू द जंगल' और 'सूर्यास्त' है।

धमतरी की स्वर्णिम कृषि यात्रा : आत्मनिर्भरता और समृद्धि के 25 वर्ष
कारखानों में श्रमिकों के नियमित स्वास्थ्य जाँच में नहीं चलेगी मनमानी, श्रम मंत्री देवांगन ने दिए कड़े निर्देश
बालिका सुरक्षा माह के अंतर्गत चलाया जा रहा है जागरूकता कार्यक्रम
बाढ़ में बही पुस्तकें, टेबलेट भी हुआ खराब, पर नहीं रुकेगी पूनम की प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी
महिलाओं और बच्चों को मिले आंगनबाड़ी की सभी सेवाओं का लाभ : महिला एवं बाल विकास सचिव शम्मी आबिदी
मंत्रालय में हुआ राष्ट्र-गीत "वंदे-मातरम" एवं राष्ट्र-गान "जन-गण-मन" का सामूहिक गायन
गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा और चिकित्सा शिक्षा के ढांचे को सुदृढ़ बनाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता : उप मुख्यमंत्री शुक्ल
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बाढ़ राहत कार्यों की समीक्षा की