नूर मालाबिका की मौत पर परिजनों ने तोड़ी चुप्पी, कहा.....
अभिनेत्री नूर मालाबिका दास का निधन हो गया है। बीते दिन उनकी मौत की खबर सामने आई थी। पुलिस को सोमवार को लोखंडवाला स्थित नूर के फ्लैट से उनका शव बरामद हुआ। पुलिस को उनका शव पंखे से लटका हुआ मिला था। पुलिस को संदेह है कि उनकी मौत आत्महत्या से हुई है। अब इस मामले में उनके परिजनों ने बताया कि अभिनेत्री डिप्रेशन का शिकार थीं। कई वेब सीरीज में काम कर चुकीं नूर मालाबिका 'द ट्रायल' सीरीज में काजोल के साथ नजर आई थीं।
नूर मालबिका दास असम के करीमगंज की रहने वाली थीं। उनकी मौसी आरती दास ने दिवंगत अभिनेत्री के बारे में बताया कि वह बड़ी उम्मीदों के साथ मुंबई गई थीं। उन्होंने कहा, 'वह अभिनेत्री बनने के लिए बड़ी उम्मीदों के साथ मुंबई गई थीं। हालांकि, वह इसे हासिल करने के लिए कड़ी मेहनत कर रही थीं। हम समझते हैं कि मालबिका अपनी उपलब्धियों से खुश नहीं थीं, जिस कारण उन्हें यह कदम उठाना पड़ा।'
दिवंगत अभिनेत्री ने कई हिंदी फिल्मों और वेब सीरीज में काम किया था। अभिनय में आने से पहले उन्होंने कतर एयरवेज में बतौर एयर होस्टेस भी काम किया था। नूर मालबिका ने 'सिसकियां', 'वॉकमैन', 'तीखी चटनी', 'जगहान्या उपाय', 'चरमसुख', 'देखी अंदेखी' और 'बैकरोड हसल' आदि में अभिनय किया था। वह आखिरी बार काजोल और जीशु सेनगुप्ता के साथ 'द ट्रायल' में नजर आई थीं।
गौरतलब है कि नूर मालबिका दास के पड़ोसियों ने उनके घर से दुर्गंध आने पर पुलिस को सूचित किया था। पुलिस को उनका शव लोखंडवाला स्थित उनके फ्लैट से बहुत ही खराब हालत में बरामद किया गया था। पुलिस ने कथित तौर पर घर की तलाशी के दौरान दवाइयां, उनका मोबाइल फोन और डायरी बरामद की थी।
अभिनेत्री के परिवार से संपर्क करने के प्रयासों के बावजूद कोई भी आगे नहीं आया। इसलिए पुलिस ने ममदानी स्वास्थ्य और शिक्षा ट्रस्ट एनजीओ की सहायता से रविवार को उसका अंतिम संस्कार किया। ये एनजीओ लावारिस शवों के दाह संस्कार का कार्य संभालता है।

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