Byju's की वैल्यू जीरो: फाउंडर रवींद्रन ने निवेशकों को ठहराया जिम्मेदार
Byju’s Update: एजुकेशन और टेक्नॉलजी कंपनी यानी एडटेक सेक्टर में एक समय बायजू (Byju’s ) का जलवा रहा है। यह इस सेक्टर की सबसे बड़ी कंपनियों में से एक रह चुकी है, पर अब इसकी स्थिति एकदम उलट हो गई है। जी हां, कुछ समय से बायजू वित्तीय संकट से घिरी हुई है।
निवेशक हैं जिम्मेदार
कंपनी के वित्तीय संकट को लेकर बायजूस के फाउंडर बायजू रवींद्रन (Byju Raveendran) ने कहा की अब इसकी वैल्यू जीरो हो गई है। कंपनी की इस हालात के लिए उन्होंने निवेशकों को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने कहा कि जब मैं कंपनी को एक्सपेंड और टेकओवर करने की कोशिश कर रहा था तब निवेशकों ने मेरा साथ दिया। लेकिन जैसे ही कंपनी पर संकट के बादल छाए वैसे ही सभी निवेशक पीछे हट खड़े हुए।
हालांकि, कंपनी के फाउंडर ने भरोसा जताया है कि कंपनी जल्द ही संकट की स्थिति से बाहर आने में कामयाब होगी। बता दें कि जब से बायजू संकट में आया है तब से यह पहली बार है जब कंपनी के फाउंडर सामने आए। जी हां, बायजू रवींद्रन दुबई के घर में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की थी। इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने यह सभी बयान दिये हैं।
मैनेजमेंट बदलने की हो रही थी मांग
बायजू रवींद्रन ने कहा कि निवेशक बिना कोई प्लान के मैनेजमेंट बदलने की मांग कर रहे थे। ऐसे में उन्होंने कहा कि दिसंबर 2021 के बाद से कंपनी में केवल हम लोगों ने ही निवेश किया है। इसके आदगे उन्होंने यह भी बताया कि Prosus समेत कई निवेशकों ने पिछले 4 से 5 सालों में कोई निवेश नहीं किया है।
Prosus जैसे निवेशकों ने एक समय के बाद कंपनी में अपने निवेश को राइट ऑफ कर दिया। बता दें कि संकट से पहले बायजू देश की सबसे बड़ी वैल्यू कमांड करने वाली स्टार्टअप कंपनी थी। कंपनी पर जैसे ही संकट के बादल मंडराए उसके तुरंत बाद कंपनी के तीन डायरेक्टर्स ने इस्तीफा दे दिया। इस इस्तीफे के बाद कंपनी को फंड जुटाने में काफी मुश्किल का सामना करना पड़ा।

धमतरी की स्वर्णिम कृषि यात्रा : आत्मनिर्भरता और समृद्धि के 25 वर्ष
कारखानों में श्रमिकों के नियमित स्वास्थ्य जाँच में नहीं चलेगी मनमानी, श्रम मंत्री देवांगन ने दिए कड़े निर्देश
बालिका सुरक्षा माह के अंतर्गत चलाया जा रहा है जागरूकता कार्यक्रम
बाढ़ में बही पुस्तकें, टेबलेट भी हुआ खराब, पर नहीं रुकेगी पूनम की प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी
महिलाओं और बच्चों को मिले आंगनबाड़ी की सभी सेवाओं का लाभ : महिला एवं बाल विकास सचिव शम्मी आबिदी
मंत्रालय में हुआ राष्ट्र-गीत "वंदे-मातरम" एवं राष्ट्र-गान "जन-गण-मन" का सामूहिक गायन
गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा और चिकित्सा शिक्षा के ढांचे को सुदृढ़ बनाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता : उप मुख्यमंत्री शुक्ल
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बाढ़ राहत कार्यों की समीक्षा की