दक्षिण कोरिया के पूर्व राष्ट्रपति यून सुक येओल की गिरफ्तारी को मिली मंज़ूरी
सियोल। सियोल की एक अदालत ने दक्षिण कोरिया के पूर्व राष्ट्रपति यून सुक येओल की गिरफ्तारी को मंज़ूरी दे दी है। उन पर दिसंबर में मार्शल लॉ लागू करने से जुड़े आरोप हैं। अदालत ने विशेष अभियोजक के दावे को स्वीकार कर किया कि यून द्वारा सबूत नष्ट करने का खतरा है।
गौरतलब है कि अप्रैल में संवैधानिक अदालत ने यून पर चलाए गए महाभियोग को बरकरार रखा था, जिसके बाद उन्हें राष्ट्रपति पद से हटा दिया गया था। अब चार महीने बाद, वह सियोल के पास एक हिरासत केंद्र में लौट रहे हैं। इससे पहले, जनवरी में सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट कोर्ट ने उनकी गिरफ्तारी रद्द कर दी थी, जिसके बाद मार्च में उन्हें इस केंद्र से रिहा कर दिया गया था। इससे उन्हें हिरासत में लिए बिना विद्रोह के मुकदमे का सामना करने की अनुमति मिल गई थी। यून का आपराधिक मामला अब एक विशेष अभियोजक द्वारा देखा जा रहा है। ये अभियोजक उनके निरंकुश रवैये से संबंधित अतिरिक्त आरोपों की जांच कर रहे हैं, जिनमें सत्ता का दुरुपयोग, सरकारी दस्तावेजों में हेराफेरी, और सरकारी कर्तव्यों में बाधा डालना शामिल है।

धमतरी की स्वर्णिम कृषि यात्रा : आत्मनिर्भरता और समृद्धि के 25 वर्ष
कारखानों में श्रमिकों के नियमित स्वास्थ्य जाँच में नहीं चलेगी मनमानी, श्रम मंत्री देवांगन ने दिए कड़े निर्देश
बालिका सुरक्षा माह के अंतर्गत चलाया जा रहा है जागरूकता कार्यक्रम
बाढ़ में बही पुस्तकें, टेबलेट भी हुआ खराब, पर नहीं रुकेगी पूनम की प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी
महिलाओं और बच्चों को मिले आंगनबाड़ी की सभी सेवाओं का लाभ : महिला एवं बाल विकास सचिव शम्मी आबिदी
मंत्रालय में हुआ राष्ट्र-गीत "वंदे-मातरम" एवं राष्ट्र-गान "जन-गण-मन" का सामूहिक गायन
गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा और चिकित्सा शिक्षा के ढांचे को सुदृढ़ बनाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता : उप मुख्यमंत्री शुक्ल
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बाढ़ राहत कार्यों की समीक्षा की