डोनाल्ड ट्रंप की नीतियों से नाराज़ एलन मस्क, पहली बार खुलकर जताई असहमति
वॉशिंगटन: डोनाल्ड ट्रंप ने जब दूसरी बार अमेरिका के राष्ट्रपति का पद संभाला तो उन्होंने कई कड़े फैसले लेने का ऐलान किया. उनके रेडिकल फैसलों का अमेरिका ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया की इकोनॉमी पर असर पड़ा. ट्रंप ने इसके साथ ही सरकार के कामकाज को और बेहतर बनाने और कॉस्ट कटिंग को ध्यान में रखते हुए DOGE का गठन किया और चुनाव के दौरान उन्हें फंड करने वाले टेस्ला चीफ एलन मस्क को इसका चीफ बनाया गया. हालांकि, बाद में अपने बिजनेस को बढ़ाने के लिए मस्क ने यह पद छोड़ दिया. अब ट्रंप के इसी करीबी अरबपति ने सरकार के एक फैसले पर कड़ी प्रतिक्रिया जताते हुए उससे असहमति जताई है. यह फैसला टैक्स कट से जुड़ा हुआ है.
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ अपने पहले बड़े मतभेद में टेस्ला और स्पेसएक्स के सीईओ एलन मस्क ने 'वन बिग ब्यूटिफुल बिल' को लेकर अपनी गहरी नाराज़गी जताई है. यह बिल सरकारी खर्चों में भारी बढ़ोतरी का प्रस्ताव करता है. इसे अमेरिकी बजट घाटे को घटाने की बजाय बढ़ाने वाला माना जा रहा है. मस्क ने एक इंटरव्यू में यह असहमति जताई है. उन्होंने कहा, 'मैं इस भारी-भरकम खर्च वाले बिल को देखकर निराश हूं, जो बजट घाटे को घटाने के बजाय बढ़ा रहा है और हमारी DOGE टीम द्वारा किए जा रहे कार्यों को कमजोर कर रहा है.' मस्क का यह इंटरव्यू 1 जून 2025 को ब्रॉडकास्ट होने वाला है.
ट्रंप सरकार के नए बिल में क्या है
प्रस्तावित बिल में ट्रंप द्वारा साल 2017 में लागू किए गए कर कटौती प्रावधानों को बढ़ाने का प्रस्ताव है, जो इस साल समाप्त होने वाला था. एक रिपोर्ट के अनुसार, इस विस्तार से अगले 10 साल में घाटा $2.8 ट्रिलियन तक बढ़ सकता है, जो ट्रंप के चुनाव पूर्व वादों के विपरीत है. इसपर बाजार का रिएक्शन तीखी रही. 23 मई को कारोबार के अंत में अमेरिकी लंबी अवधि के बॉन्ड यील्ड 2007 के बाद से सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंच गए, जो निवेशकों के अमेरिकी कर्ज पर घटते भरोसे और बढ़ती उधारी लागत का संकेत है.
क्या बोले मस्क
मस्क ने इसपर कहा, 'कोई बिल बड़ा हो सकता है या सुंदर हो सकता है, लेकिन दोनों एक साथ नहीं हो सकते.' गौरतलब है कि ट्रंप ने मस्क को अपने प्रमुख डोनर के रूप में DOGE का प्रमुख नियुक्त किया था, ताकि सरकारी कामकाज को आधुनिक बनाया जा सके, अफसरशाही घटाई जा सके, अनावश्यक खर्च पर लगाम लगे और अमेरिकी कर्ज को कम किया जा सके. DOGE ने अब तक $175 बिलियन की बचत का दावा किया है. हालांकि, इस एजेंसी की पारदर्शिता को लेकर सवाल उठे हैं और इसके अधिकार क्षेत्र को लेकर कानूनी चुनौतियां भी सामने आई हैं.
DOGE से हट चुके हैं ट्रंप
इसी बीच, टेस्ला की अप्रैल में तीन सालों में सबसे कम बिक्री दर्ज की गई, जिसके चलते मस्क ने DOGE की जिम्मेदारी से आंशिक रूप से पीछे हटते हुए अपने निजी व्यवसायों पर ध्यान केंद्रित करने का निर्णय लिया है. यह सार्वजनिक असहमति केवल ट्रंप-मस्क संबंधों के लिए ही नहीं, बल्कि अमेरिका की आर्थिक नीतियों और फाइनेंशियल प्लानिंग पर भी दूरगामी प्रभाव डाल सकती है. एक्सपर्ट का मानना है कि अगर बजट घाटा इसी तरह बढ़ता रहा, तो अमेरिकी अर्थव्यवस्था में स्थायित्व बनाए रखना मुश्किल हो सकता है. ट्रंप सरकार और मस्क के बीच यह टकराव अमेरिकी राजनीति और अर्थव्यवस्था के आने वाले दौर की दिशा तय कर सकता है.

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