कर्ज के बोझ तले उत्तराखंड में एक ही परिवार के 7 लोगों ने की आत्महत्या
कर्ज के बोझ तले दबे उत्तराखंड के परिवार के सात लोगों ने सोमवार रात पंचकूला में जहर खाकर आत्महत्या कर ली। मृतकों में दंपती, तीन बच्चे और परिवार के बुजुर्ग सदस्य शामिल हैं। सभी के शव एक कार में मिले हैं। कार देहरादून नंबर की बताई जाती है। मृतकों में दो की पहचान प्रवीन मित्तल और उनके पिता देशराज मित्तल के रूप में हुई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार पंचकूला शहर के सेक्टर-27 में सोमवार रात एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। कर्ज में डूबे एक ही परिवार के सात लोगों ने जहर खाकर आत्महत्या कर ली। मरने वालों में दो दंपती, तीन मासूम बच्चे और परिवार के बुजुर्ग सदस्य शामिल हैं। हृदय विदारक घटना से पूरे इलाके में सनसनी है।
पुलिस के मुताबिक, सोमवार रात करीब 11 बजे डायल 112 पर सूचना मिली कि मकान नंबर 1204 के बाहर खड़ी एक कार में कुछ लोग आत्महत्या कर रहे हैं। मौके पर पहुंची पुलिस ने गाड़ी में सवार छह लोगों को सेक्टर-26 के निजी अस्पताल अस्पताल में भर्ती कराया।
घर से बाहर एक और व्यक्ति तड़पते हुए निकला। पुलिस टीम उसको उपचार के लिए सेक्टर-6 स्थित नागरिक अस्पताल में ले गई। मृतकों की पहचान प्रवीन मित्तल और उसके पिता देशराज मित्तल और उनके परिवार के सदस्यों के रूप में हुई है।
सूचना मिलने के बाद डीसीपी हिमाद्रि कौशिक समेत अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस सूत्रों ने बताया कि प्रवीन मित्तल ने कुछ समय पहले देहरादून में टूर एंड ट्रैवल का कारोबार शुरू किया था जो चल नहीं पाया। उसमें उनको भारी घाटा हुआ। इसी कारण परिवार कर्ज में डूब गया था।
हालत इतनी खराब थी कि परिवार का गुजारा भी नहीं हो पाया था। इस घटना के बाद पूरे इलाके में मातम पसरा है और हर कोई इस दुखद त्रासदी से सदमे में है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

धमतरी की स्वर्णिम कृषि यात्रा : आत्मनिर्भरता और समृद्धि के 25 वर्ष
कारखानों में श्रमिकों के नियमित स्वास्थ्य जाँच में नहीं चलेगी मनमानी, श्रम मंत्री देवांगन ने दिए कड़े निर्देश
बालिका सुरक्षा माह के अंतर्गत चलाया जा रहा है जागरूकता कार्यक्रम
बाढ़ में बही पुस्तकें, टेबलेट भी हुआ खराब, पर नहीं रुकेगी पूनम की प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी
महिलाओं और बच्चों को मिले आंगनबाड़ी की सभी सेवाओं का लाभ : महिला एवं बाल विकास सचिव शम्मी आबिदी
मंत्रालय में हुआ राष्ट्र-गीत "वंदे-मातरम" एवं राष्ट्र-गान "जन-गण-मन" का सामूहिक गायन
गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा और चिकित्सा शिक्षा के ढांचे को सुदृढ़ बनाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता : उप मुख्यमंत्री शुक्ल
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बाढ़ राहत कार्यों की समीक्षा की