हिमाचल में राशनकार्ड धारकों को फरवरी में मिलेगा सस्ते दाम पर सरसों का तेल
शिमला। हिमाचल प्रदेश के राशनकार्ड धारकों को फरवरी में सरसों का तेल मिलेगा। सरसों और रिफाइंड तेल खरीद से जुड़ी फाइल सीएम ऑफिस पहुंच गई है। उम्मीद है कि अगले माह 16.65 लाख उपभोक्ताओं को सरसों का तेल मिलेगा। सरसों का तेल एल-वन मूल्य पर उपलब्ध होगा। राशन डिपो में उपभोक्ता पिछले वर्ष नवंबर से सरसों तेल मिलने का इंतजार कर रहे हैं।
अक्टूबर तक उपभोक्ताओं को 123 व 129 रुपए प्रति लीटर मूल्य पर सरसों तेल मिल रहा था, जबकि रिफाइंड तेल का दाम 97 रुपए प्रति लीटर था। पिछले तीन माह में सरसों तेल में तेजी आने से मूल्य डेढ़ सौ रुपए प्रति लीटर पहुंच गया था, जिसे देखते हुए सीएम कार्यालय ने तेल के मूल्य में अंतर आने पर फाइल लौटा दी थी और पुरानी दरों पर तेल खरीदने को कहा था।
निगम प्रबंधन और सचिवालय अधिकारियों की ओर से सस्ती दरों पर सरसों के तेल की खरीद करने के लिए प्रयास जारी थे। सरसों तेल की थोक खरीद होने पर यह प्रदेश सरकार को प्रति पैकेट पंद्रह रुपए सस्ता मिलता है। जिसे सरकार राशन डिपो में उपभोक्ताओं को उपलब्ध करवाती है। ई-केवाइसी की औपचारिकता पूरी नहीं होने से निकट भविष्य में 2.65 लाख उपभोक्ताओं को सस्ता राशन नहीं मिल पाएगा। प्रदेश में कुल 19.30 लाख उपभोक्ता है और अब 16.65 लाख उपभोक्ताओं को ही सस्ती दरों पर राशन उपलब्ध हो सकेगा।
अवैध खनन रोकने व निगरानी के लिए 80 खनन सुरक्षकों की नियुक्ति होगी। इससे संबंधित फाइल भी सीएम कार्यालय पहुंच गई है। सीएम की मंजूरी मिलते ही नियुक्ति संबंधी औपचारिकताएं शुरू होंगी। जिसके बाद अवैध खनन रोकने के लिए सरकार कड़े कदम उठाएगी। इसके लिए खनन सुरक्षकों की नियुक्ति होगी, जिन पर अवैध खनन रोकने का जिम्मा होगा।

धमतरी की स्वर्णिम कृषि यात्रा : आत्मनिर्भरता और समृद्धि के 25 वर्ष
कारखानों में श्रमिकों के नियमित स्वास्थ्य जाँच में नहीं चलेगी मनमानी, श्रम मंत्री देवांगन ने दिए कड़े निर्देश
बालिका सुरक्षा माह के अंतर्गत चलाया जा रहा है जागरूकता कार्यक्रम
बाढ़ में बही पुस्तकें, टेबलेट भी हुआ खराब, पर नहीं रुकेगी पूनम की प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी
महिलाओं और बच्चों को मिले आंगनबाड़ी की सभी सेवाओं का लाभ : महिला एवं बाल विकास सचिव शम्मी आबिदी
मंत्रालय में हुआ राष्ट्र-गीत "वंदे-मातरम" एवं राष्ट्र-गान "जन-गण-मन" का सामूहिक गायन
गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा और चिकित्सा शिक्षा के ढांचे को सुदृढ़ बनाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता : उप मुख्यमंत्री शुक्ल
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बाढ़ राहत कार्यों की समीक्षा की